भारत दौरे पर आने से पहले बांग्लादेशी टीम के क्रिकेटर हड़ताल पर चले गए. बांग्लादेश के क्रिकेटरों ने अपने बोर्ड के विरुद्ध बगावत कर दी. हालांकि बोर्ड को खिलाड़ियों के आगे झुकना पड़ा. बांग्लादेश के खिलाड़ियों ने बोर्ड के सामने 11 मांगे रखी थी, जिनको बोर्ड ने स्वीकार कर लिया है और यह भरोसा जताया है कि भविष्य में खिलाड़ियों की सारी मांगे पूरी की जाएंगी.


खिलाड़ियों के हड़ताल पर जाने से भारत-बांग्लादेश सीरीज पर संकट के बादल मंडराने लगे थे. हालांकि अब सब कुछ ठीक हो गया है. बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड के अध्यक्ष नजमुल हुसैन ने बताया कि खिलाड़ियों की मांगे मान ली गई हैं और विवाद खत्म हो गया है. बांग्लादेश की टीम निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार भारत दौरे पर जाएगी.


बता दें कि 23 अक्टूबर, बुधवार शाम को खिलाड़ियों ने बोर्ड के साथ मीटिंग की. शाकिब अल हसन ने कहा- बैठक में बीसीबी अध्यक्ष और निदेशक ने हमारी मांगों को सुना और विश्वास दिलाया है कि वह जल्द ही इन सब मांगों को पूरा करने की कोशिश करेंगे.

11 में से 9 मांगें स्वीकार कर ली गई 

बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड के अध्यक्ष नजमुल हुसैन ने कहा कि बीसीबी ने खिलाड़ियों की 11 मांगों में से 9 मांगों को स्वीकार कर लिया है, जिनको जल्द ही पूरा किया जाएगा. बता दें कि खिलाड़ियों और बोर्ड के बीच हुए इस विवाद के बाद बीसीबी तनाव में आ गया था, क्योंकि वह बीसीसीआई से पंगा नहीं ले सकता. बांग्लादेश की टीम को 3 नवंबर से भारत के साथ T-20 सीरीज खेलनी है. अगर बांग्लादेशी खिलाड़ी नहीं मानते तो यह सीरीज रद्द करनी पड़ सकती थी, जिससे बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड को काफी नुकसान होता.