श्रीलंका के बल्लेबाज और वनडे टीम के लिए कप्तानी कर चुके चमारा कपुगेदरा ने क्रिकेट के सभी प्रारूपों से संन्यास की घोषणा कर दी है. चमारा कपुगेदरा ने अपना आखिरी मैच 2017 में खेला था. इसके बाद वह कोचिंग क्षेत्र में आ गए. इसी वजह से उन्होंने अब क्रिकेट से संन्यास ले लिया है. इस बात की जानकारी श्रीलंका के पत्रकार अज्जाम अमीन ने दी. उन्होंने ट्वीट करके बताया कि चमारा कपुगेदरा ने संन्यास ले लिया है.


अमीन ने ट्वीट कर लिखा- 32 साल के श्रीलंकाई क्रिकेटर चमारा कपुगेदरा, जिन्होंने अपनी टीम के लिए 8 टेस्ट, 102 वनडे और 43 T-20 मैच खेले हैं, उन्होंने क्रिकेट के सभी प्रारूपों से संन्यास का ऐलान कर दिया है. वह इस सीजन में Sarecense Sports Club के साथ बतौर कोचिंग स्टाफ जुड़ गए हैं.


बता दें कि चमारा कपुगेदरा को श्रीलंका के दिग्गज काफी प्रतिभाशाली मानते थे और उनके बारे में यह कहा जाता था कि चमारा श्रीलंकाई टीम में महेला जयवर्धने की जगह ले सकते थे. हालांकि उनकी बल्लेबाजी में निरंतरता की कमी देखने को मिली जिस वजह से वह टीम में कभी अपनी जगह पक्की नहीं कर सके. चमारा कपुगेदरा ने 2006 में ऑस्ट्रेलिया के विरुद्ध पर्थ में खेले गए वनडे से अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू किया था. वह अपने पहले ही अंतरराष्ट्रीय मैच में गोल्डन डक हो गए.


हालांकि उन्होंने अपने करियर में कई शानदार पारियां खेलकर अपनी टीम को जीत दिलाई. चमारा कपुगेदरा ने श्रीलंका की वनडे टीम की कप्तानी भी की थी. उन्होंने अपने करियर में आठ टेस्ट मैच, 102 वनडे मैच और 43 टी-20 मैच खेले. लेकिन अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में वह एक भी शतक नहीं लगा पाए.